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बहन मीना पीटर

चेहरे का पक्षाघात ठीक हो गया!

मैं एक अस्पताल में हेड नर्स हूं, और मेरे चेहरे पर पक्षाघात होने के कारण मैं हर समय परेशान रहती थी।
मेरी बाईं आंख की पलक बार बार झपकती थी और लगातार बंद होती रहती थी, और मेरी आंख का आकार भी छोटा हो रहा था। मैंने 5 साल से अधिक समय तक इस समस्या को हल करने की कोशिश की। मैं कई अस्पतालों में गयी, लेकिन सब कुछ व्यर्थ था। मैंने एक बार बहुत महंगा ईलाज कराया लेकिन चीजें केवल खराब हुईं।
मैंने अपने सहकर्मी, बहन पूजा से सुना कि मानमिन चर्च में बहुत से ईष्वरीय चंगाई के कार्य हो रहे हैं। उसने मुझे रेव. डा. जेराक ली के क्रूस का संदेष दिया और मैं उन संदेषों को सुनकर आषीषित हुई।
एक दिन, उन्होंने मुझे यूट्यूब पर जी सी एन टी वी हिंदी चैनल का एक लिंक भेजा, और मैंने कोरिया में चल रहे समर रिट्रीट को देखा। मुझे लगा कि ऑनलाइन रिट्रीट में भाग लेने से, मैं भारत में चंगी हो सकती हूं। जब मैं संदेश सुन रही थी, मैंने अपनी आँखों में गर्माहट महसूस की।
चंगाई सत्र के दौरान, मैंने बीमारों के लिए प्रार्थना ग्रहण करने के लिए अपनी आँखों पर हाथ रखा। और फिर, पलक झपकाना बेहतर हो गई, और आंखों का आकार भी सामान्य हो गया। हाल्लेलुयाह!

This Post Has One Comment

  1. Gulab Chand Mathur

    Prabhu ki mahima ho. ..amen

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